
रिपोर्टर – जितेंद्र तिवारी
सागर। प्रधानमंत्री इंटर्नशिप योजना युवाओं को उद्योगों से जुड़ा व्यावहारिक अनुभव प्रदान करने और भविष्य में रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में केंद्र सरकार की महत्वपूर्ण पहल है। किताबी ज्ञान के साथ कार्यक्षेत्र का अनुभव युवाओं के कौशल विकास, व्यक्तित्व निर्माण और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देता है। विद्यार्थियों को योजना के तहत उपलब्ध अवसरों का लाभ उठाकर निर्धारित समयसीमा में पंजीयन कराना चाहिए। यह बात पंडित दीनदयाल उपाध्याय शासकीय कला एवं वाणिज्य (अग्रणी) महाविद्यालय, सागर की प्राचार्य प्रो. सरोज गुप्ता ने कही। वे महाविद्यालय में प्रधानमंत्री इंटर्नशिप योजना के अंतर्गत आयोजित जागरूकता एवं पंजीयन सत्र को संबोधित कर रही थीं।
प्राचार्य प्रो. सरोज गुप्ता की प्रेरणा से आयोजित इस सत्र में विद्यार्थियों को योजना के उद्देश्यों, व्यावसायिक लाभों, इंटर्नशिप के अवसरों और ऑनलाइन पंजीयन प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी गई।
कौशल विकास और व्यावहारिक अनुभव पर जोर योजना की नोडल अधिकारी डॉ. प्रतिभा जैन ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए बताया कि योजना का प्रमुख उद्देश्य युवाओं के कौशल को विकसित करना और उन्हें कार्यक्षेत्र का प्रत्यक्ष अनुभव प्रदान करना है। उन्होंने योजना की पात्रता, नियमों, चयनित अभ्यर्थियों को मिलने वाले मासिक स्टाइपेंड और वित्तीय सहायता संबंधी प्रावधानों की जानकारी भी दी।
विद्यार्थियों को पंजीयन में मिला मार्गदर्शन योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए गठित मार्गदर्शक दल के सदस्यों डॉ. संगीता कुंभारे, प्रमोद सेन, सुश्री अनुष्का राजे, डॉ. अभिलाषा जैन, डॉ. अमर कुमार जैन, आयुष बड़कुल, डॉ. अवधेश प्रताप सिंह एवं डॉ. अनिल मेहरौलिया ने विभिन्न कक्षाओं में पहुंचकर विद्यार्थियों को योजना के लाभों से परिचित कराया। साथ ही, ऑनलाइन पंजीयन प्रक्रिया में प्रत्यक्ष मार्गदर्शन प्रदान किया।
महाविद्यालय के मीडिया प्रभारी डॉ. संदीप सबलोक ने बताया कि इस पहल को विद्यार्थियों का उत्साहजनक प्रतिसाद मिला। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने प्रधानमंत्री इंटर्नशिप पोर्टल पर अपना पंजीयन सफलतापूर्वक पूरा किया। यह आयोजन विद्यार्थियों को कौशल विकास, व्यावसायिक अनुभव और रोजगार के अवसरों से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित हुआ।









