
रिपोर्टर मनीष पटैय्या
बैतूल। जिले के स्थानीय हारवेस्टर संचालकों ने प्रदेश के बाहर से आने वाले हारवेस्टर मालिकों पर जिले में रोजगार छीनने और ग्रामीण क्षेत्रों का माहौल खराब करने का आरोप लगाते हुए कलेक्टर सौरभ संजय सोनवणे को आवेदन सौंपा है। उन्होंने बाहरी हारवेस्टर संचालकों पर लगाम लगाने की मांग की है।
आवेदन में बताया गया कि बैतूल जिले में लगभग 300 हारवेस्टर हैं, जिनके संचालक अपने-अपने क्षेत्रों में फसल कटाई सहित अन्य कृषि कार्य कर आजीविका चलाते हैं। हारवेस्टर ही उनकी आय का प्रमुख साधन है। आवेदकों का आरोप है कि अन्य राज्यों से आने वाले हारवेस्टर संचालकों के कारण स्थानीय संचालकों का काम प्रभावित हो रहा है और उनके सामने बेरोजगारी का संकट खड़ा हो रहा है।
आवेदन में यह भी आरोप लगाया गया कि ग्रामीण क्षेत्रों में नशे का कारोबार बढ़ने से सामाजिक माहौल खराब हो रहा है। इससे बच्चों में नशे की लत, आपसी वैमनस्य, विवाद, घरेलू हिंसा और चोरी जैसी घटनाएं बढ़ने की आशंका जताई गई है। आवेदकों ने कलेक्टर से मांग की है कि जिले और प्रदेश के बाहर से आने वाले हारवेस्टर संचालकों पर नियंत्रण के लिए उचित कार्रवाई की जाए, ताकि स्थानीय संचालक अपना रोजगार जारी रखकर परिवार का पालन-पोषण कर सकें और ग्रामीण क्षेत्रों में नशे की समस्या पर रोक लगाई जा सके।









