
रिपोर्टर लखन ठाकुर
महेश्वर। महेश्वर विधानसभा क्षेत्र में सत्य, वचनबद्धता और गौ-रक्षा के प्रतीक लोकदेवता वीर तेजाजी महाराज का पावन पर्व तेजा दशमी श्रद्धा, उल्लास एवं भक्तिभाव के साथ मनाया गया। अलसुबह से ही क्षेत्र के प्रमुख तेजाजी मंदिरों में दर्शन-पूजन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ पहुंचने लगी। मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना एवं अभिषेक का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं ने नारियल, चूरमा, दूध एवं ध्वजा अर्पित कर परिवार की सुख-समृद्धि और आरोग्यता की कामना की। मंदिर परिसर वीर तेजाजी महाराज के जयकारों और पारंपरिक तेजा गायन से गूंजते रहे। कोगांवा के कैलाश जाट ने बताया कि तेजा दशमी के अवसर पर ऐसे श्रद्धालु भी मंदिर पहुंचे, जिन्हें पूर्व में सर्प या किसी अन्य जहरीले जीव के काटने के बाद तेजाजी महाराज के नाम की तांती बांधी गई थी। मान्यता के अनुसार, श्रद्धालुओं ने मंदिर पहुंचकर तांती खोलकर भगवान तेजाजी महाराज के प्रति आभार व्यक्त किया। पर्व के अवसर पर ग्राम माल्याखेड़ी, चिनगुन, जामनिया एवं कोगांवा स्थित तेजाजी मंदिरों में विशेष धार्मिक अनुष्ठान संपन्न हुए। कैलाश जाट, मुकेश जाट, कुंदन जाट, तनय जाट, जितेंद्र जाट, आयुष जाट, मोहन जाट, दीपक जाट, धर्मेंद्र जाट, सुनील जाट, कुलदीप जाट सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने विधिवत पूजा-अर्चना कर क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की। सामाजिक समरसता का दिया संदेश तेजा दशमी के अवसर पर जाट समाज द्वारा सामाजिक समरसता का संदेश देते हुए अखिल भारतीय बलाई महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोज परमार का ग्राम माल्याखेड़ी एवं ग्राम कोगांवा स्थित तेजाजी मंदिर पहुंचने पर फलों से तुलादान कर स्वागत किया गया। इस दौरान समाजजनों ने आत्मीयता के साथ उनका अभिनंदन किया। इस अवसर पर विभिन्न स्थानों पर गाजे-बाजे के साथ भगवान तेजाजी महाराज के जुलूस भी निकाले गए। दोपहर बाद आयोजित महाप्रसादी एवं भंडारे में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने सामाजिक समरसता के साथ प्रसादी ग्रहण की।









