
रिपोर्ट – संदीप भक्ते,
पांढुर्णा। गांव के मुख्य तालाब से लगातार पानी की निकासी को लेकर ग्राम पंचायत ने जल संसाधन विभाग का ध्यान आकर्षित कराया है। पंचायत प्रतिनिधियों ने तालाब में उपलब्ध जल की स्थिति को देखते हुए पानी के उपयोग और निकासी को व्यवस्थित करने की मांग की है। इस संबंध में गुरुवार को जल संसाधन विभाग के एसडीओ को ज्ञापन सौंपकर आवश्यक कार्रवाई का आग्रह किया गया। तालाब किनारे एक दर्जन से अधिक पंप लगे होने की जानकारी पंचायत प्रतिनिधियों के अनुसार तालाब के आसपास एक दर्जन से अधिक विद्युत मोटर पंप लगाए गए हैं, जिनके माध्यम से पानी निकाला जा रहा है। ज्ञापन में किसानों के साथ रायसोनी यूनिवर्सिटी प्रबंधन द्वारा भी तालाब के पानी के उपयोग का उल्लेख किया गया है। पंचायत ने जल संसाधन विभाग से पूरे मामले का निरीक्षण कर स्थिति स्पष्ट करने तथा जल उपयोग को नियमानुसार व्यवस्थित करने का आग्रह किया है। कम वर्षा के कारण जल स्तर पर ध्यान देने की मांग ग्रामीणों के अनुसार इस मानसून सीजन में अपेक्षाकृत कम वर्षा होने से तालाब में पर्याप्त नया पानी संग्रहित नहीं हो पाया है। वर्तमान में पिछले वर्ष का संचित पानी उपलब्ध है। ग्रामीणों और पंचायत प्रतिनिधियों ने जल की उपलब्धता को देखते हुए तालाब से होने वाली निकासी पर निगरानी बढ़ाने की आवश्यकता बताई है, ताकि गांव और मवेशियों के लिए आवश्यक जल की उपलब्धता बनी रहे। पंपों की जांच और जल निकासी व्यवस्थित करने की मांग सरपंच संगीता दिलीप ठाकरे, उपसरपंच सुभाष परतेती एवं पंचायत सचिव ने प्रशासन से तालाब किनारे लगाए गए मोटर पंपों की जांच कराने तथा जल निकासी की स्थिति का निरीक्षण करने की मांग की है। पंचायत ने यह भी आग्रह किया है कि यदि किसी पंप का संचालन नियमानुसार नहीं पाया जाता है तो संबंधित विभाग द्वारा नियमानुसार कार्रवाई की जाए। मामले में रायसोनी यूनिवर्सिटी प्रबंधन से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन समाचार तैयार होने तक उनकी ओर से कोई प्रतिक्रिया प्राप्त नहीं हो सकी। प्रबंधन का पक्ष प्राप्त होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।








