
रिपोर्टर — सुरेश कुमार गौड़
मथुरा। कलेक्ट्रेट सभागार में मंत्री गन्ना विकास एवं चीनी मिलें लक्ष्मी नारायण चौधरी की अध्यक्षता में प्रेसवार्ता आयोजित की गई। इस दौरान विधायक बल्देव पूरन प्रकाश, विधायक गोवर्धन मेघश्याम सिंह एवं जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह उपस्थित रहे। मंत्री ने सभी पत्रकारों को श्री कृष्णोत्सव एवं नंदोत्सव की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। मंत्री लक्ष्मी नारायण चौधरी ने बताया कि जनपद मथुरा की तहसील छाता में तीन चरणों में मल्टीयूनिट प्लांट स्थापित किया जाएगा। प्रथम चरण में 120 केएलपीडी क्षमता का एथनॉल प्लांट स्थापित किया जाएगा। इसमें गन्ने के शीरे (बी-हैवी) से एथनॉल का उत्पादन होगा। आवश्यकता के अनुसार मक्का और धान से भी एथनॉल तैयार किया जाएगा। प्रस्तावित एथनॉल प्लांट वर्ष में करीब 11 माह संचालित होगा और इससे लगभग 369 लाख लीटर एथनॉल का वार्षिक उत्पादन किया जाएगा। इस महत्वपूर्ण परियोजना का शिलान्यास मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा किया जाएगा। परियोजना के दूसरे चरण में गन्ने का उत्पादन बढ़ने के साथ चीनी मिल प्लांट स्थापित किया जाएगा, जिसमें गन्ने से चीनी का उत्पादन होगा। तीसरे चरण में को-जनरेशन प्लांट लगाया जाएगा, जिससे बिजली का उत्पादन किया जाएगा। इस तरह छाता में एक ही परिसर में एथनॉल, चीनी और बिजली उत्पादन की सुविधा विकसित होगी। मंत्री ने बताया कि यह प्रदेश में गन्ना, मक्का और धान से एथनॉल उत्पादन करने वाली महत्वपूर्ण इकाई होगी। परियोजना के माध्यम से क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे तथा किसानों को भी इसका लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि परियोजना की अनुमानित लागत करीब 200 से 250 करोड़ रुपये होगी। पूरे प्लांट को तीन चरणों में लगभग दो वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। परियोजना का संचालन पार्टनरशिप मॉडल के तहत किया जाएगा। जैसे-जैसे क्षेत्र में गन्ने का उत्पादन बढ़ेगा, परियोजना के अगले चरणों को आगे बढ़ाया जाएगा। मंत्री ने बताया कि छाता क्षेत्र में गन्ने के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए किसानों को प्रोत्साहित किया जाएगा। विभाग की ओर से किसानों को गन्ने का बीज उपलब्ध कराया जाएगा। जनपद में जिला गन्ना अधिकारी के साथ 16 अन्य कर्मचारी भी विभागीय कार्यों को संचालित कर रहे हैं। इसके अलावा जनपद में दो गन्ना क्रय केंद्र संचालित हैं उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देशों के क्रम में परियोजना को शीघ्र गति दी जाएगी। मल्टीयूनिट प्लांट के संचालन से क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलने के साथ किसानों और स्थानीय लोगों के लिए रोजगार एवं आर्थिक विकास के नए अवसर तैयार होंगे।









